READ BY
Photo Credit: bigstockphoto.com
Kirti Bhartari

    Kirti Bhartari

    I am mother of one. Beside nurturing her the best way I can and taking care of my family fronts, I am passionate about cooking and ayurvedas. I also like spending time around intellectuals. And, in future, I would like to start my own NGO with one motive - helping humanity.

    Read this article in English

    मैंने अपने पिछले लेख में, आपको बच्चे की नींद खराब होने का कारण और सोने के सही तरीकों के बारे में बताया था। वादे के अनुसार, आज मैं आपको उन नुस्खों के बारे में बताउंगी, जिनका इस्तेमाल करके आप बच्चे को जल्दी से सुला सकती हैं।

    तकिये का इस्तेमाल ना करें

    दो साल से कम उम्र के बच्चों के लिए तकिये का इस्तेमाल ना करें। हालांकि तकिया बिस्तर की चादर के सेट होते हैं, फिर भी 2 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए इसका इस्तेमाल सही नहीं होता। सच तो यह है कि बड़े बच्चों को भी तकिये की जरूरत नहीं होती। अधिकतर लोग यह मानते हैं कि तकिये बच्चे को आराम देते हैं, मगर सच तो यह है कि बच्चे को तकिये के बिना भी अच्छा लगता है।

    बिस्तर बेकार की वस्तुओं से ना सजाएं

    कई माता-पिता बच्चे का बिस्तर विभिन्न वस्तुओं से सजाते हैं जैसे कि फेशनेबल तकिएं, टेडी बीअर्स, और अन्य सजावट की चीजें। मगर बाल विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसी सजावटी चीजें केवल आनाआवश्यक होती हैं बल्कि हानिकारक भी होती हैं। ऐसी चीज़े किसी भी दुर्घटना का कारण हो सकती है और दम घुटनें या साँस रुकने जैसी दुर्घटनाएँ हो सकती है।

    बच्चे को सुरक्षित महसूस कराएं

    अगर आप बच्चे को आपके पास सुलाते हैं तो यह उचित तरीका रहेगा क्योंकि इससे बच्चा अपने आपको सुरक्षित महसूस करेगा और वह शांत रहेगा। वास्तव में यहाँ माता-पिता के शरीर की गर्मी है जो काम करती है।

    यह भी पढ़ें – कुछ गलतियाँ जो नए माता-पिता पहले वर्ष में करते हैं

    इसके अलावा, अगर आपका बच्चा आपके पास सोता है, तो जरूरत पड़ने पर आप उसकी तुरंत मदद कर सकते है जैसे कि उसको उसको जागने से पहले उठा लेना और उसको बिस्तर पर सुलाने से पहले एक दम से लिटा देना। यह सब तभी मुमकिन है अगर आपका बच्चा आपकी पहुँच से ज़्यादा दूर नही है और सब कुछ व्यवस्थित है।

    यह सुनिश्चित करें कि बच्चे को सही जगह पर सुलाएं। कई बच्चे बड़े बिस्तर पर सोने से डरते हैं। वे सिर्फ छोटे से झूले में सोना पसंद करते हैं क्योंकि वहाँ वे सुरक्षित महसूस करते है।

    बच्चे की देखरेख को अनदेखा ना करें

    जैसा कि मैंने पहले भी कहा था कि बच्चे को सुरक्षित महसूस करवाना जरूरी होता है। माता-पिता होने के नाते आपको उन्हें यह दिखाना चाहिए कि आप हमेशा उसके आसपास हैं। और, उन्हें हमेशा यही लगना चाहिए कि उनके मम्मी-पापा कभी भी उन्हें छोड़कर कही नहीं जाएंगे।

    बच्चे को धीरे से बिस्तर पर लिटाए

    कई माता-पिता को अक्सर यह शिकायत रहती है कि जब तक बच्चा उनकी बाहों में रहता हैं, तब तक वह ठीक रहता है और जैसे ही उसको लिटाने की कोशिश करतें हैं, उनका बच्चा उठा जाता है।

    मैं आपको बताना चाहती हूँ कि बच्चे को बहुत ही आहिस्ते से बिस्तर पर लिटाना चाहिए। इसकी वजह यह होती है कि आपका बच्चा आपके शरीर का संपर्क अचानक छोड़ना नहीं चाहता है।

    मैं थोड़ी देर के लिए, मेरी बेटी के कंबल को पकडे रखती थी, ताकि मेरे शिशु को उस कंबल से मेरे शरीर का गंध महसूस होती रहे। यह नुस्खा आपके बच्चे को सुरक्षित होने का एहसास करवाता रहेगा।

    बच्चे के रोने का कारण ढूंढने की कोशिश करें

    आखिर आपका बच्चा रोता क्यों हैं, इसका कारण ढूंढने की कोशिश करें। कहीं आपका बच्चा किसी डर की वजह से तो नही रो रहा, या फिर उसके मुँह में कुछ अजीब सा हो रहा है जो वो समझ नही पा रहा है, जैसे कि दाँत का दर्द। आप उस वक्त, अपने बच्चे को पेरासिटामोल बूंदे (ड्रॉप्स) की एक निर्धारित खुराक देकर उसे आराम दिला सकते हैं। पर उससे पहले बाल रोग विशेषज्ञ की सलाह अवश्य ले।

    इसके अलावा, जरुरत पड़ें तो आप निपल (पैसिफायर) का इस्तेमाल भी कर सकते हैं। ऐसा करने से आपका बच्चा मुँह की बजाय, नाक से सांस ले सकेगा, जिससे नींद की वजह से होने वाली दुर्घटनाओं का जोखिम कम हो सकता है।

    आप यह नुस्खे जरूर आजमाएं और आपके बच्चे को जल्दी से सुलाएं। अगर आपके पास भी कोई नुस्खे है तो हम से जरूर बाँटे।

    Comments